स्वास्थ्य मंत्री धनसिंह रावत कलक्ट्रेट सभागार रोशनाबाद में जनपदीय अधिकारियों के साथ समीक्षा बैठक में कहा…उत्तराखंड में डॉक्टरों की नहीं रहेगी कमी….राज्य में बनाएं जा रहे है अट्ठारह सौ वेलनेस सेंटर….

हरिद्वार के रोशनाबाद कलक्ट्रेट सभागार में जनपदीय अधिकारियों के साथ स्वास्थ्य मंत्री धन सिंह रावत ने समीक्षा बैठक की।ओस दौरान स्वास्थ्य मंत्री डॉ. धन सिंह रावत ने कलक्ट्रेट सभागार में आयोजित समीक्षा बैठक में कहा कि उत्तराखंड में साढ़े तीन सौ एमबीबीएस डॉक्टर की नियुक्ति होने वाली है। उत्तराखंड में डॉक्टरों की कमी नहीं रहेगी। राज्य में अट्ठारह सौ वेलनेस सेंटर बनाए जा रहे हैं। आगामी 23 दिसंबर को साढ़े सात सौ सीएचओ को नौकरी दी जाएगी। नौकरी पर लगने के समय ही उनको प्रमाण पत्र भी दिए जाएंगे। प्रत्येक सीएचओ को सरकार 40 हजार रुपये वेतन देगी। स्वास्थ्य मंत्री धनसिंह रावत कलक्ट्रेट सभागार रोशनाबाद में जनपदीय अधिकारियों के साथ समीक्षा बैठक कर रहे थे।

उन्होंने कहा कि 5-6 ग्राम पंचायतों पर एक सीएचओ नियुक्त किया जाएगा। वह प्रत्येक गांव में जाकर लोगों की स्क्रीनिंग करेगा। उनके द्वारा ही स्वास्थ्य मेले लगाए जाएंगे। उन्होंने कहा कि उत्तराखंड के सवा करोड़ लोगों की हेल्थ आईडी बनाई जाएगी। हेल्थ आईडी कार्ड बनने के बाद सभी की जांच और आयुष्मान भारत में सभी का इलाज फ्री किया जाएगा। इसके लिए सरकार बड़ा अभियान चला रही है। धनसिंह रावत ने कहा कि देवभूमि को ड्रग्स मुक्त किया जा रहा है। एक जनवरी से पूरे प्रदेश में जन जागरण अभियान चलाया जाएगा। इसमें 15 लाख स्कूली बच्चों को शामिल किया जाएगा। बच्चे प्रचार-प्रसार के लिए गांव-गांव में रैलियां निकालेंगे और युवा पीढ़ी को तंबाकू एंव ड्रग्स मुक्त करने का संदेश देंगे। उन्होंने कहा कि हरिद्वार का मेडिकल कॉलेज दो वर्ष में बनकर तैयार हो जाएगा। जिसमें आगामी 2024 से एमबीबीएस की पढ़ाई शुरू करा दी जाएगी। उन्होंने कहा कि मेडिकल कॉलेज में 45 प्रतिशत कार्य हो चुका है। धनसिंह रावत ने कहा कि हरिद्वार जिले में एएनएम और आशाएं सहित पैरामेडिकल स्टाफ की कमी को एक माह में एनएचएम के माध्यम से नियुक्ति दी जाएगी। एएनएम और नर्सिंग स्टाफ की वर्ष वार राज्य में भर्ती भी की जा रही है।

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