कर्तव्य पथ पर शहीद हुए डॉ. नवीन चंद्र डिमरी: चिकित्सा जगत में शोक की लहर, 13 जुलाई को होगी शोक सभा।

तनवीर अली हरिद्वार।

कर्तव्य पथ पर शहीद हुए डॉ. नवीन चंद्र डिमरी: चिकित्सा जगत में शोक की लहर, 13 जुलाई को होगी शोक सभा।

​नारायणबगड़/देहरादून: चमोली जनपद के नारायणबगड़ स्थित प्राथमिक स्वास्थ्य केंद्र के प्रभारी चिकित्सा अधिकारी डॉ. नवीन चंद्र डिमरी का आकस्मिक निधन हो गया है। वे प्रांतीय चिकित्सा एवं स्वास्थ्य सेवा संघ, चमोली इकाई के कोषाध्यक्ष भी थे। 11 जुलाई 2026 को शासकीय दायित्वों का निर्वहन और प्राकृतिक आपदा के दौरान जनसेवा करते हुए उन्होंने अपने प्राणों की आहुति दे दी।

​कर्तव्यनिष्ठा के प्रति समर्पित थे डॉ. डिमरी
प्रांतीय चिकित्सा एवं स्वास्थ्य सेवा संघ के अध्यक्ष डॉ. रमेश कुंवर और महासचिव डॉ. यशपाल तोमर ने गहरी संवेदना व्यक्त करते हुए कहा कि डॉ. डिमरी अपने अंतिम क्षणों तक चिकित्सकीय धर्म का पालन करते रहे। उनका असामयिक निधन चिकित्सा जगत के लिए एक अपूरणीय क्षति है।

​13 जुलाई को प्रदेशभर में श्रद्धांजलि सभा।

संघ की ओर से जारी विज्ञप्ति के अनुसार, डॉ. डिमरी को श्रद्धांजलि देने के लिए 13 जुलाई 2026 को अपराह्न 1:00 बजे राज्य के समस्त जिला चिकित्सालयों (DH), उपजिला चिकित्सालयों (SDH), सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्रों (CHC) और प्राथमिक स्वास्थ्य केंद्रों (PHC) में शोक सभा आयोजित की जाएगी।

​आपातकालीन सेवाएं रहेंगी बहाल।

जनहित को ध्यान में रखते हुए संघ ने स्पष्ट किया है कि शोक सभा के दौरान भी आपातकालीन चिकित्सा सेवाएं, पोस्टमार्टम सेवाएं और पहले से निर्धारित बहुउद्देशीय अथवा विशेषज्ञ चिकित्सा शिविर यथावत संचालित रहेंगे, ताकि मरीजों को कोई असुविधा न हो।

​सरकार से ‘शहीद’ का दर्जा देने की मांग।

प्रांतीय चिकित्सा एवं स्वास्थ्य सेवा संघ ने सरकार से मांग की है कि कर्तव्य के दौरान शहीद हुए डॉ. डिमरी को “ऑन-ड्यूटी शहीद” का सम्मान प्रदान किया जाए। साथ ही, उनके आश्रितों को देय अनुग्रह राशि का शीघ्र भुगतान करने और भविष्य में ऐसी घटनाओं को रोकने के लिए चिकित्सा कर्मियों की सुरक्षा व ढांचागत व्यवस्थाएं सुदृढ़ करने का आग्रह किया है।